आनन्दपुर साहिब: इतिहास
आनन्दपुर साहिब से पहले यह एक माखोवाल नाम गांव था, जो कहलूर रियासत (वर्तमान हिमाचल प्रदेश) के अंतर्गत आता था। जब सिखों के नवें गुरू गुरु तेग़ बहादुर को कहलूर ने राजा ने अपनी रियासत में शरण दी, तब राजा ने गुरु साहिब को १६६५ में इस जगह बसाया। तब गुरु जी ने इस जगह का नाम माखोवाल से बदल कर चक्क नानकी रखा। फिर बाद में इस जगह का नाम आनन्दपुर पड़ा।