Heimatgeschichte · Sanchore ·

सांचौर: इतिहास

सांचौर: इतिहास

सांचौर प्राचीनकाल में 'सत्यपुर' के नाम से जाना जाता था। प्राकृत ग्रंथों में इसे,'सच्चउर' कहा गया है
जैन तीर्थंकर महावीर स्वामी का एक प्राचीन मन्दिर यहां स्थित है। मालवा के राजा ने भी सत्यपुर पर आक्रमण किया था, किंतु उसकी सेना को 'ब्रह्मशांति' नामक यक्ष ने परास्त कर दिया था और इस प्रकार सत्यपुर की रक्षा हुई थी।

'वंदे सत्यपुरे च बाहडपुरे राडद्रहे बायडे'
सांचौर के लाछड़ी में वही कुआँ है जिससे जोधपुर महाराजा जसवन्त सिंह जी के समय से पूरे सांचौर को मीठा पानी सप्लाई किया जाता था और इसका उल्लेख मारवाड़ इतिहास की विश्वसनीय और प्रसिद्ध पुस्तक *मुहणोत नैनसी री ख्यात* में मिलता है।
सांचौर में गोगाजी की राजस्थान प्रसिद्ध ओरडी है।

von Fremdinhalte · Regionauts

Quelle: Text: Wikipedia – „सांचौर“, Autorinnen und Autoren (Versionsgeschichte), CC BY-SA 4.0 · Foto: Pjchaudhary, CC BY-SA 3.0 – Wikimedia Commons